मेदिनीनगर (पलामू)
उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने मंगलवार को अपने कार्यालय कक्ष से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से फाइलेरिया उन्मूलन को लेकर मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (MDA) अभियान की तैयारी की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि जिले के चयनित 80 उच्च प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में 20 अप्रैल से 5 मई 2026 तक विशेष फोकल एमडीए अभियान चलाया जाएगा, जिसके तहत लगभग 98,638 आबादी को कवर करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
उपायुक्त श्री शेखावत ने सभी संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि फाइलेरिया एक गंभीर लेकिन रोकथाम योग्य बीमारी है, जिससे बचाव के लिए फाइलेरिया रोधी दवा का सेवन अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सभी विभागों से अभियान में सक्रिय सहयोग सुनिश्चित करने और अधिकतम लोगों तक दवा पहुंचाने पर जोर दिया।बैठक में जानकारी दी गयी कि फाइलेरिया मच्छरों के माध्यम से फैलने वाली बीमारी है, जो शरीर के लसीका तंत्र को प्रभावित करती है। जिले में अब तक कुल 1847 मरीज चिन्हित किए गए हैं,जिनमें 1161 लिंफेडेमा एवं 686 हाइड्रोसील के मरीज शामिल हैं।अभियान के सफल संचालन के लिए विभिन्न विभागों के बीच समन्वय पर विशेष बल दिया गया।इसके तहत स्वास्थ्य विभाग, जेएसएलपीएस, पंचायती राज, शिक्षा, समाज कल्याण, आपूर्ति विभाग सहित अन्य विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गयी हैं।जागरूकता के लिए स्कूलों, पंचायतों, आंगनबाड़ी केंद्रों एवं जन वितरण प्रणाली के माध्यम से लोगों को दवा सेवन के लिए प्रेरित किया जाएगा।
बैठक में यह भी बताया गया कि एमडीए के दौरान दवाएं पूरी तरह सुरक्षित हैं,हालांकि कुछ लोगों में हल्के दुष्प्रभाव जैसे बुखार, सिरदर्द उल्टी आदि हो सकते हैं,जो सामान्य हैं और 24-48 घंटे में स्वतः ठीक हो जाते हैं।इसके लिए जिला एवं प्रखंड स्तर पर रैपिड रिस्पॉन्स टीम (RRT) का गठन किया गया है।
उपायुक्त ने कहा कि सभी पात्र व्यक्ति दवा का सेवन स्वास्थ्यकर्मियों के सामने करें तथा अपने परिवार एवं आसपास के लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करें, ताकि जिले को फाइलेरिया मुक्त बनाया जा सके।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में उपाधीक्षक सह प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, हुसैनाबाद एवं छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल के प्रभारी, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक तथा जेएसएलपीएस के जिला कार्यक्रम प्रबंधक सहित अन्य संबंधित अधिकारी शामिल हुए।

