इस वर्ष भी निगमवासीयों को नहीं मिलेगा सेकेंड फेज पाइपलाईन से पानी – आशीष भारद्वाज

पलामू और ख़ासकर मेदिनीनगर नगर निगम क्षेत्र पेयजल संकट से विगत कई वर्षों से त्रस्त है, कई मोहल्ले ऐसे है जो गर्मियों में खाली हो जाते है, ज़िले में पेयजल संकट को लेकर मुखर व इस समस्या के समाधान हेतु लगातार पच्चीस दिनों तक 47-48 डिग्री के गर्मी में “पानी यात्रा” करनेवाले युवा तुर्क आशीष भारद्वाज ने आज सेकेंड फेज पाइपलाईन योजना को किर्यान्वित कर रही कंपनी आर के इंजीनियरिंग एंड सेल्स लिमिटेड के हाउसिंग कॉलोनी स्थित कार्यालय जाकर पदाधिकारियों से मुलाक़ात कर योजना से जुड़े कार्यो का जानकारी प्राप्त किया। आशीष भारद्वाज ने कहा कि हमारा शहर मेदिनीनगर तीनों ओर से नदियों से घिरा हुआ है फिर भी हमारा दुर्भाग्य है की हम हर वर्ष गर्मी में पेयजल को तरसते है, इसके जिम्मेवार हमारे अकर्तव्यनिष्ठ जनप्रतिनिधि है। इस भीषण और ज्वलंत मामले के निदान हेतु प्रेस कांफ्रेंस और बयान जारी करने के अलावा धरातल पर आजतक किसी जनप्रतिनिधि ने कोई समुचित प्रयास नहीं किया। पेयजल संकट के समाधान के उपायों में से एक उपाय है हमारे शहर के चीर – परिचित सेकेंड फेज पाइपलाईन योजना को पूरा करना, जिसका कार्य हम सबों के “पानी यात्रा” जैसे लड़ाई को लड़ने के पश्चात आरंभ हुआ लेकिन ये योजना भी आज अनाथ की तरह सुस्त पड़ा हुआ है। इस एक सौ बहतर करोड़ के योजना को क्रियान्वित कर रही कंपनी आरके इंजीनियरिंग एंड सेल्स के पदाधिकारियों से आज हमने मुलाक़ात किया, उनका साफ़ शब्दों में कहना है की पाईप और एनओसी के अभाव में हम इस वर्ष भी शहर को पाईप के माध्यम से पानी नहीं दे पायेंगे। उनके प्रोजेक्ट मैनेजर रंजीत जी ने बताया कि उन्होंने जिले के सभी सक्षम पदाधिकारियों और नगर निगम के बोर्ड को भी अपनी समस्या से अवगत करवाया है पर आजतक किसी ने कोई सुध नहीं लिया। सम्पूर्ण नगर निगम में क्षेत्र में 476 किमी का पाईप लेयींग का कार्य है जिसका डीपीआर भी है लेकिन टेंडर सिर्फ 212 किमी का ही हुआ है उसमे भी एनएचआई, रेलवे, आरसीडी, पीडब्ल्यूडी, खासमहल आदि का क्लीयरेंस नहीं मिल पा रहा है, विडंबना तो ये है की नगर निगम इन्हें ईएसआर चार के टंकी निर्माण के लिए भूमि तक उपलब्ध नहीं करा पा रही है। इंटेक वेल में प्रस्तावित फ़िल्टर गैलरी जरूरत से आधा कैपेसिटी का है। श्री भारद्वाज ने आगे कहा की नगर निगम में बैठे हमारे बयानवीर जनप्रतिनिधियों से मैं पूछना चाहता हूँ की सेकेंड फेज पाइपलाईन के प्राप्त पैसे के बाद भी आख़िर कबतक आप हमारे शहर को प्यासा रखना चाहते है। जब नगर निगम क्षेत्र को 476 किमी पाइपलाईन की आवश्यकता है फिर आपने 212 किमी के ही पाईप पर क्यों संतोष किया, सरकार से बचे 264 किमी के पाईप की मांग आपने अबतक क्यों नहीं की, आजतक आप जुडको के साथ मिलकर इस योजना को एनओसी तक नहीं प्रदान करा पा रहे है। या तो निगम में बैठे हमारे जनप्रतिनिधि को ये समझ नहीं है की इस योजना से जुड़े कार्यों को धरातल पर कैसे करवाना है या फिर ये हमारे मेदिनीनगर नगर निगा वासी को पानी के नाम पर झासा दे रहे है। इस मामले को लेकर मैं सभी सक्षम पदाधिकारियों से मिलूंगा और अगर निदान नहीं हुआ या ये योजना मूल रूप से पूरी तरह धरातल पर नहीं उतरा तो “पानी यात्रा” की तरह ही हम पेयजल संकट को लेकर मजबूरन एक बड़े आंदोलन की ओर बढ़ेंगे।

Leave a Reply